कमियाँ

बे करारी ही बे करारी हैं
कंहा से खुशहाली लाये जिंदगी में!

कोई तन्हा हैं यंहा,
किसी ने तन्हा छोड़ दिया

सभी रिस्तो के होते हुए भी,
हर कोई तन्हा हैं इस जिंदगी में!

नही सोचता कोई किसी के लिए
सभी दिल दुखाते हैं इस जिंदगी में!

शांत पानी की धारा और ये आकाश जैसा
क्यू नही हैं कोई ऐसा इस जिंदगी में!

सभी देखते कमियाँ दुसरो की सदा
देखते नही कमियाँ अपनी इस जिंदगी में!

~आकिब जावेद

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